भारत सरकार

राजस्व विभाग

वित्त मंत्रालय

केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड

 

नई दिल्ली, 15 फरवरी, 2021

 

प्रेस विज्ञप्ति

आयकर विभाग द्वारा मुंबई में तलाशी अभियान

 

आयकर विभाग की ओर से 08.02.2021 को मुंबई स्थित एक समूह के खिलाफ तलाशी एवं जांच अभियान चलाया गया। यह समूह हॉस्पिटैलिटी क्षेत्र में संचालन करने के अलावा मुख्य तौर पर गुटखा, पान मसाला और सहायक पदार्थों के विनिर्माण का कारोबार करता है। तलाशी भारत के कई स्थानों पर की गई और 13.02.2021 को समाप्त हुई।

तलाशी और जांच अभियान से दुबई में एक कार्यालय के साथ टैक्स हैवन ब्रिटिश वर्जिन आईलैंड (बीवीआई) में पंजीकृत एक कंपनी के पास रखी गई विदेशी परिसंपत्तियों का पता चला और समूह के अध्यक्ष द्वारा नियंत्रित एवं प्रबंधित किए जाने का खुलासा हुआ। बीवीआई कंपनी का नेट वर्थ रू. 830 करोड़ है जिसे भारत से फंड निकालकर अर्जित किया गया। इस फंड को समूह की प्रमुख कंपनियों में रू. 638 करोड़ की राशि के शेयर प्रीमियम के तौर पर भारत में दुबारा भेजा गया। तलाशी कार्रवाई के दौरान, विभिन्न डिजिटल प्रमाण और फोरेंसिक विश्लेषण से कई ई-मेल संप्रेषण मिले जिनसे तलाश किए गए समूह के प्रोत्साहकों के साथ कंपनी के प्रबंधन और नियंत्रण करने की पुष्टि हुई। एक कर्मचारी, जो बीवीआई कंपनी में एक शेयरधारक भी था, उसकी पहचान की गई थी और प्रोत्साहक के साथ प्रति परीक्षा की गई। इसमें शामिल पार्टियों ने स्वीकार किया कि कर्मचारी को कंपनी में एक शेयरधारक होने के बारे में जानकारी नहीं थी और उसने मुख्य प्रवर्तक के निर्देशों पर कागजों पर दस्तखत किए थे।

आगे, यह पाया गया कि समूह ने रू. 398 करोड़ की सीमा तक आयकर अधिनियम, 1961 की धारा 80झग के अंतर्गत फर्जी कटौती का लाभ लिया। समूह ने हिमाचल प्रदेश में 2 उद्यमों को स्थापित किया और समूह उक्तकथित गलत कटौती का दावा करने के लिए दिखावा लेनदेन में शामिल पाया गया।

इसके अलावा, जांच के दौरान समूह के 2 फैक्ट्री परिसरों पर रू. 247 करोड़ की राशि के पान मसाले के बेहिसाब उत्पादन का भी पता चला।

यह भी देखा गया कि निर्धारिती ने आयकर अधिनियम, 1961 की धारा 10कक के अंतर्गत गांधी धाम यूनिट में रू. 63 करोड़ की राशि के गलत तरीके से कटौती का दावा किया।

तलाशी कार्रवाई के दौरान, रू. 13 लाख के नकद को जब्त किया गया और रू. 7 करोड़ की राशि के आभूषण मिले जिसे निषेधात्मक आदेश के अंतर्गत रखा गया है। निषेधात्मक आदेश 16 लॉकरों और 11 परिसरों पर भी किया गया है। इसलिए, अभी तक तलाशी अभियान से लगभग रू. 1500 करोड़ के बेहिसाब लेनदेन का पता चला है।

आगे, की जांच चल रही है।

 

(सुरभि आहलूवालिया)

आयकर आयुक्त

(मीडिया व तकनीकी नीति)

आधिकारिक प्रवक्ता, सीबीडीटी